लोकतंत्र की हत्या के 51 वर्ष पूरे होने के अवसर पर लोक भवन में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकतंत्र सेनानियों के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों के निधन पर अब उनका अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया जाएगा। इसके अलावा उन्हें कैशलैस इलाज की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार पहले से ही लोकतंत्र सेनानियों को प्रतिमाह 20 हजार रुपये पेंशन, उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (रोडवेज) की बसों में निशुल्क यात्रा तथा सरकारी अस्पतालों में मुफ्त चिकित्सा सुविधा प्रदान कर रही है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों ने देश में लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए संघर्ष किया था और सरकार उनके सम्मान एवं कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए योगी आदित्यनाथ ने 25 जून 1975 को लगाए गए आपातकाल का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि उस समय कांग्रेस सरकार ने देश में आपातकाल लगाकर लोकतंत्र का गला घोंटने का काम किया था। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि आपातकाल के दौरान दलितों, पिछड़ों और आम नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों का हनन किया गया तथा लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर किया गया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने केवल लोकतंत्र को ही नहीं कुचला, बल्कि बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर द्वारा निर्मित संविधान की भावना को भी आघात पहुंचाया। मुख्यमंत्री के अनुसार उस दौर में लोकतंत्र के चारों स्तंभों को पंगु बना दिया गया था और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर भी गंभीर प्रतिबंध लगाए गए थे।
योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि आज कुछ लोग संविधान की प्रति लेकर घूमते हैं, लेकिन उन्हें अपने राजनीतिक इतिहास पर भी नजर डालनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जनता को ऐसे लोगों के इतिहास को समझना चाहिए और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के प्रति सजग रहना चाहिए। कार्यक्रम में लोकतंत्र सेनानियों को सम्मानित किया गया तथा लोकतंत्र की रक्षा के लिए उनके योगदान को याद किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र सेनानियों का संघर्ष आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना रहेगा। सीएम योगी ने कहा कि डबल इंजन की सरकार लोकतंत्र के चारों स्तंभ का सम्मान करती है।
आज संविधान की हत्या और उसकी आत्मा को कुचलना के 50 वर्ष पूरे हो चुके हैं वर्तमान और आने वाली पीढ़ी इस को कृति को अच्छे से समझ सके इसके लिए इन्हें उसे समय की सभी घटनाओं की जानकारी दिए जाने की भी आवश्यकता है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव का भी नाम लिए बिना मुख्यमंत्री ने कहा कि मुलायम सिंह यादव कांग्रेस का हमेशा विरोध करते रहे लेकिन उनके उत्तराधिकारी आज कांग्रेस की गोद में बैठे हैं और तलवे चाट रहे हैं। सपा हो या राजद ये सभी कांग्रेस के साथ मिलकर लोकतंत्र को कमजोर करने में जुटे हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने तीन लोकतंत्र सेनानियों का शॉल ओढाकर सम्मानित भी किया।

