उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आसपास बड़ा काम होने जा रहा है। इसके लिए 720 करोड़ रुपये की याेजना तैयार कर ली गई है। चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के आसपास बड़े पैमाने पर कामर्शियल डेवपलमेंट की तैयारी शुरू हो गई है। एयरपोर्ट आधारित आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए एयरपोर्ट क्षेत्र में 720 करोड़ रुपये की लागत से तीन और चार सितारा होटल तथा अत्याधुनिक कन्वेंशन सेंटर विकसित किए जाएंगे। यह परियोजना सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल पर लागू होगी। इसे 2029 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
परियोजना का उद्देश्य एयरपोर्ट की बढ़ती यात्री क्षमता का लाभ उठाते हुए आसपास के क्षेत्र को व्यापार, पर्यटन और निवेश के बड़े केंद्र के रूप में विकसित करना है। लखनऊ चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से जुड़े होटल, सम्मेलन केंद्र और व्यावसायिक गतिविधियां न केवल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं देंगी, बल्कि शहर की अर्थव्यवस्था को भी नई गति प्रदान करेंगी।
योजना के तहत लगभग 3.03 लाख वर्गमीटर निर्मित क्षेत्र विकसित किया जाएगा। इसमें करीब 2.67 लाख वर्गमीटर क्षेत्र में तीन और चार सितारा होटल का निर्माण होगा, जिस पर लगभग 400 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। वहीं 36,465 वर्गमीटर क्षेत्र में आधुनिक कन्वेंशन सेंटर विकसित किया जाएगा, जिसकी अनुमानित लागत 320 करोड़ रुपये होगी। यह कन्वेंशन सेंटर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के सम्मेलन, प्रदर्शनी, व्यापारिक बैठकें तथा बड़े आयोजनों की मेजबानी करने में सक्षम होगा।
परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण और आवश्यक स्थानांतरण की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। संबंधित एजेंसियों को इसके लिए आवश्यक कार्रवाई करनी होगी। परियोजना के क्रियान्वयन की जिम्मेदारी भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण को सौंपने की तैयारी है। परियोजना के मैप को लखनऊ विकास प्राधिकरण मंजूरी प्रदान कर दी है। इससे अब निर्माण और निवेश संबंधी प्रक्रियाओं को आगे बढ़ाने का रास्ता साफ हो गया है। जल्द ही इस पर काम शुरू हो जाएगा।
चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के आस पास के विकास के अलावा सरोजनीनगर में एयरो सिटी का भी प्रस्ताव है। इसका प्रस्ताव पहले ही बना था। इसका विकास सैनिक स्कूल की खाली जमीन पर करने की तैयारी है। इसके लिए 80.33 एकड़ भूमि चिन्हित की गयी है। इसमें आवासीय क्षेत्र के अलावा हास्पिटल, कामर्शियल तथा म्यूजियम जैसी तमाम चीजें होंगी। अभी इसके लिए बजट का कोई प्रावधान नहीं किया गया है।

