दो दिन राहत के बाद फिर बदलेगा मौसम, आंधी-बारिश का अलर्ट
पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी में बना लो प्रेशर एरिया धीरे-धीरे बिहार, झारखंड और यूपी की ओर बढ़ रहा है। इस दौरान उससे पश्चिमी-पूर्वी द्रोणिका और आकाशीय चक्रवात भी मिलेंगे। इन तीनों के संयोग से बनारस समेत पूर्वी उत्तर प्रदेश के इलाकों में एक बार फिर मौसम का मिजाज बदलने का संकेत है। मौसम विभाग के अनुसार 21 एवं 22 सितंबर को आसमान लगभग साफ रहेगा। 23 से माहौल बदलने एवं 25 और 26 को आंधी-पानी की संभावना है। 24 से 26 के बीच 40 से 50 किमी घंटा की रफ्तार से हवा चलने और बारिश के दौरान वज्रपात का अंदेशा है।
मानसून की विदाई संबंधी पूर्वानुमानों के बीच मौसम में यह संभावित बदलाव चौंकाने वाला है। पिछले हफ्ते तक लगभग हर दिन की मध्यम या तेज बारिश ने धान के खेतों को तृप्त कर दिया है जबकि अरहर, मूंग आदि दलहनी एवं सब्जी की फसलों पर बारिश भारी पड़ने लगी थी। 21 और 22 सितंबर को भी बारिश नहीं होने का अनुमान है।
उधर, रविवार को दिन में तेज धूप निकलने से तापमान बढ़ा तो उमस ने लोगों को बेहाल कर दिया। दोपहर के समय धूप और उमस के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। लोग धूप से बचते दिखाई दिए।
रविवार को सुबह से ही सूर्य देवता ने अपने तेवर दिखाए। दिनभर तेज धूप का सामना करना पड़ा। बिजनौर के नगीना स्थित कृषि अनुसंधान मौसम वेधशाला के अनुसार रविवार को अधिकतम तापमान 33.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 22.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान बढ़ने के साथ दिन में गर्मी का असर साफ दिखाई दिया। वातावरण में नमी अधिक रहने के कारण उमस का असर रहा।
दिन चढ़ने के साथ धूप तेज होने से लोगों को गर्मी महसूस हुई। मौसम में तापमान बढ़ने से पिछले दिनों बारिश से मौसम सुहाना हो गया था। लोगों को फिर से गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। कृषि अनुसंधान मौसम वेधशाला के प्रेक्षक सतीश कुमार का कहना है कि बारिश न होने से लोगों को उमस का सामना करना पड़ सकता है। अधिकतम तापमान बढ़ने की संभावना है।
